परीक्षित्! इस प्रकार सत्रह बार तेईस-तेईस अक्षौहिणी सेना इकट्ठी करके मगधराज जरासन्धने भगवान् श्रीकृष्णके द्वारा सुरक्षित यदुवंशियोंसे युद्ध किया॥ ४२॥
एवं सप्तदशकृत्वस्तावत्यक्षौहिणीबलः।
युयुधे मागधो राजा यदुभिः कृष्णपालितैः॥ ४२
परीक्षित्! इस प्रकार सत्रह बार तेईस-तेईस अक्षौहिणी सेना इकट्ठी करके मगधराज जरासन्धने भगवान् श्रीकृष्णके द्वारा सुरक्षित यदुवंशियोंसे युद्ध किया॥ ४२॥
श्रीमद्भागवत महापुराण 10.50.42 · गीताप्रेस, गोरखपुर (द्वितीय खण्ड, पृष्ठ 450) · https://srimad-bhagavatam.vidhyamitra.com/10/50/42/