श्रीमद्भागवत महापुराणगीताप्रेस, गोरखपुर — मुखपृष्ठ
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॥ श्रीहरिः ॥

श्लोक 10.61.14

दशम स्कन्ध · अध्याय 61 · अथैकषष्टितमोऽध्यायः

श्रुतः कविर्वृषो वीरः सुबाहुर्भद्र एकलः।

शान्तिर्दर्शः पूर्णमासः कालिन्द्याः सोमकोऽवरः॥ १४

śrutaḥ kavirvṛṣo vīraḥ subāhurbhadra ekalaḥ|

śāntirdarśaḥ pūrṇamāsaḥ kālindyāḥ somako'varaḥ|| 14

अर्थ

कालिन्दीके दस पुत्र ये थे—श्रुत, कवि, वृष, वीर, सुबाहु, भद्र, शान्ति, दर्श, पूर्णमास और सबसे छोटा सोमक॥ १४॥

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