उस दिन सब राजाओंके सामने शाल्वने यह प्रतिज्ञा की थी कि ‘मैं पृथ्वीसे यदुवंशियोंको मिटाकर छोड़ूँगा, सब लोग मेरा बल-पौरुष देखना’॥ ३॥
शाल्वः प्रतिज्ञामकरोत् शृण्वतां सर्वभूभुजाम्।
अयादवीं क्ष्मां करिष्ये पौरुषं मम पश्यत॥ ३
उस दिन सब राजाओंके सामने शाल्वने यह प्रतिज्ञा की थी कि ‘मैं पृथ्वीसे यदुवंशियोंको मिटाकर छोड़ूँगा, सब लोग मेरा बल-पौरुष देखना’॥ ३॥
श्रीमद्भागवत महापुराण 10.76.3 · गीताप्रेस, गोरखपुर (द्वितीय खण्ड, पृष्ठ 602) · https://srimad-bhagavatam.vidhyamitra.com/10/76/3/