श्रीमद्भागवत महापुराणगीताप्रेस, गोरखपुर — मुखपृष्ठ
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॥ श्रीहरिः ॥

श्लोक 10.90.39

दशम स्कन्ध · अध्याय 90 · अथ नवतितमोऽध्यायः

न ह्येतस्मिन् कुले जाता अधना अबहुप्रजाः।

अल्पायुषोऽल्पवीर्याश्‍च अब्रह्मण्याश्‍च जज्ञिरे॥ ३९

na hyetasmin kule jātā adhanā abahuprajāḥ|

alpāyuṣo'lpavīryāśca abrahmaṇyāśca jajñire|| 39

अर्थ

परीक्षित्! इस वंशमें कोई भी पुरुष ऐसा न हुआ जो बहुत-सी सन्तानवाला न हो तथा जो निर्धन, अल्पायु और अल्पशक्ति हो। वे सभी ब्राह्मणोंके भक्त थे॥ ३९॥

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