राजा-रानीके इस प्रकार विलाप करनेपर उनके अनुगामी स्त्री-पुरुष भी दुःखित होकर रोने लगे। इस प्रकार सारा नगर ही शोकसे अचेत-सा हो गया॥ ६०॥
तयोर्विलपतोः सर्वे दम्पत्योस्तदनुव्रताः।
रुरुदुः स्म नरा नार्यः सर्वमासीदचेतनम्॥ ६०
राजा-रानीके इस प्रकार विलाप करनेपर उनके अनुगामी स्त्री-पुरुष भी दुःखित होकर रोने लगे। इस प्रकार सारा नगर ही शोकसे अचेत-सा हो गया॥ ६०॥
श्रीमद्भागवत महापुराण 6.14.60 · गीताप्रेस, गोरखपुर (प्रथम खण्ड, पृष्ठ 774) · https://srimad-bhagavatam.vidhyamitra.com/6/14/60/