पूर्वकालमें जैसे अयोध्यावासी भगवान् श्रीरामके साथ साकेतधाम सिधारे थे, उसी प्रकार भगवान् श्रीकृष्ण उन सबको योगिदुर्लभ गोलोकधामको ले गये॥ ८५॥
अयोध्यावासिनः पूर्वं यथा रामेण संगताः।
तथा कृष्णेन ते नीता गोलोकं योगिदुर्लभम्॥ ८५
पूर्वकालमें जैसे अयोध्यावासी भगवान् श्रीरामके साथ साकेतधाम सिधारे थे, उसी प्रकार भगवान् श्रीकृष्ण उन सबको योगिदुर्लभ गोलोकधामको ले गये॥ ८५॥
श्रीमद्भागवत महापुराण PRE.5.85 · गीताप्रेस, गोरखपुर (प्रथम खण्ड, पृष्ठ 70) · https://371ace2f.srimad-bhagavatam.pages.dev/mahatmya/padma/5/85/