जो लोग मूर्खतावश राजारूप परमेश्वरका अनादर करते हैं, उन्हें न तो इस लोकमें सुख मिलता है और न परलोकमें ही॥ २४॥
अवजानन्त्यमी मूढा नृपरूपिणमीश्वरम्।
नानुविन्दन्ति ते भद्रमिह लोके परत्र च॥ २४
जो लोग मूर्खतावश राजारूप परमेश्वरका अनादर करते हैं, उन्हें न तो इस लोकमें सुख मिलता है और न परलोकमें ही॥ २४॥
श्रीमद्भागवत महापुराण 4.14.24 · गीताप्रेस, गोरखपुर (प्रथम खण्ड, पृष्ठ 480) · https://srimad-bhagavatam.vidhyamitra.com/4/14/24/