इसके बाद राजा सगरकी आज्ञासे अंशुमान् घोड़ेको ढूँढ़नेके लिये निकले। उन्होंने अपने चाचाओंके द्वारा खोदे हुए समुद्रके किनारे-किनारे चलकर उनके शरीरके भस्मके पास ही घोड़ेको देखा॥ २०॥
अंशुमांश्चोदितो राज्ञा तुरंगान्वेषणे ययौ।
पितृव्यखातानुपथं भस्मान्ति ददृशे हयम्॥ २०
इसके बाद राजा सगरकी आज्ञासे अंशुमान् घोड़ेको ढूँढ़नेके लिये निकले। उन्होंने अपने चाचाओंके द्वारा खोदे हुए समुद्रके किनारे-किनारे चलकर उनके शरीरके भस्मके पास ही घोड़ेको देखा॥ २०॥
श्रीमद्भागवत महापुराण 9.8.20 · गीताप्रेस, गोरखपुर (द्वितीय खण्ड, पृष्ठ 43) · https://srimad-bhagavatam.vidhyamitra.com/9/8/20/