श्रीमद्भागवत महापुराणगीताप्रेस, गोरखपुर — मुखपृष्ठ
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॥ श्रीहरिः ॥

श्लोक 10.11.31

दशम स्कन्ध · अध्याय 11 · अथैकादशोऽध्यायः

वृद्धान् बालान् स्त्रियो राजन् सर्वोपकरणानि च।

अनस्स्वारोप्य गोपाला यत्ता आत्तशरासनाः॥ ३१

vṛddhān bālān striyo rājan sarvopakaraṇāni ca|

anassvāropya gopālā yattā āttaśarāsanāḥ|| 31

अर्थ

परीक्षित्! ग्वालोंने बूढ़ों, बच्चों, स्त्रियों और सब सामग्रियोंको छकड़ोंपर चढ़ा दिया और स्वयं उनके पीछे-पीछे धनुष-बाण लेकर बड़ी सावधानीसे चलने लगे॥ ३१॥

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